Headline
चारधाम यात्रा 2026- हेली शटल सेवा के टेंडर अंतिम दौर में, जल्द शुरू होंगी सुविधाएँ
नूतन न्याय संहिता पर राज्य स्तरीय प्रदर्शनी का शुभारंभ
केंद्रीय गृहमंत्री ने ‘जन जन की सरकार, 4 साल बेमिसाल’ कार्यक्रम के तहत हरिद्वार में आयोजित विशाल जनसभा को किया संबोधित
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
लोक गीतों की धुनों के बीच सीएम आवास में निखरे होली के रंग, होली मिलन कार्यक्रम में जुटे गढ़वाल-कुमाऊं से लेकर जौनसार तक के कलाकार’
मुख्यमंत्री आवास में पारंपरिक उल्लास के साथआयोजित हुआ होली मिलन समारोह
सीएम धामी ने जनसमुदाय संग साझा की उत्सव की खुशियां जनता ने पुष्पवर्षा कर किया भव्य स्वागत
सीएम धामी ने हल्द्वानी में कानून व्यवस्था व विकास कार्यों की उच्चस्तरीय समीक्षा की
मुख्यमंत्री धामी ने प्रदान की मां नन्दा राजजात यात्रा मार्गो पर अवस्थापना सुविधाओं केे विकास हेतु ₹ 3.08 करोड की धनराशि

ये बात वाकई अजीब लगती है जब कोई कहता है कि दांत की सर्जरी के बाद दिल का दौरा पड़ सकता है. वाकई सोचने वाली बात है कि दांत का दिल से क्या कनेक्शन? अगर आप भी से कंफ्यूजन में है कि यह सच है या सिर्फ एक मिनट तो चलिए आपको बताते हैं इस खबर में आखिर इस बात में कितनी सच्चाई है।

बहुत से लोग रूट कैनाल थेरेपी को एक रेगुलर डेंटल सर्जरी के तौर पर करवाते हैं ताकि दांतों को डैमेज या इन्फेक्टेड होने से बचाया जा सके. एक सुरक्षित माने जाने के बावजूद रूट कैनाल थेरेपी को लेकर यह डाउट जरूर होता है कि इसका संबंध दिल के दौरे से पढ़ सकता है।

रूट कैनाल क्या है?

रूट कैनाल एक डेंटल ऑपरेशन है जिसका उपयोग दांत के कोर से रोगग्रस्त टिशू को निकालने के लिए किया जाता है. आगे के नुकसान को रोकने के लिए, डेंटिस्ट खाली जगह को भरकर बैक्टीरिया और सडऩ को हटाते हैं. कोई दांत जिसे निकालने की जरूरत हो सकती है, उसे इस तकनीक से बचाया जा सकता है. वैसे तो रूट कैनाल ट्रीटमेंट एक सामान्य प्रक्रिया है इसमें किसी भी तरह के समस्याओं की संभावना बहुत कम होती है. क्योंकि लोकल एनेस्थीसिया देकर इसे किया जाता है।

हार्ट अटैक से इसका क्या संबंध?
ऐसे कहा जाता है कि रूट कैनाल ट्रीटमेंट दिल के दौरे या दूसरी हार्ट की समस्याओं से जुड़ा हो सकता है. यह उन लोगों के लिए विशेष रूप से सच है जिनका हार्ट डिसीज  की कोई हिस्ट्री नहीं है. दरअसल ये डर इस बात से निकाल कर आया है कि रूट कैनाल प्रक्रिया के दौरान लोक बैक्टीरिया ब्लड स्ट्रीम में इंटर कर सकते हैं जिससे हार्ट सहित शरीर के बाकी अंगों में सूजन या इंफेक्शन हो सकता है।
एंडोडोंटिक थेरेपी और इंसिडेंट कार्डियोवैस्कुलर डिजीज: द एथेरोस्क्लेरोसिस रिस्क इन कम्युनिटीज स्टडी के अध्ययन के अनुसार, इस बात का कोई ठोस सबूत नहीं हैं कि रूट कैनाल ट्रीटमेंट सीधे दिल के दौरे का कारण बनते हैं।

ओरल हेल्थ हार्ट डिसीज से कैसे जुड़ा है?
हालाँकि रूट कैनाल के इस्तेमाल से सीधे हार्ट अटैक  होने का पता नहीं चला है, लेकिन हार्ट डिसीज और डेंटल हेल्थ के बीच एक स्ट्रांग कनेक्शन है. बैड डेंटल हाइजीन  मसूड़ों की बीमारी जैसी बीमारियों का कारण बन सकती है, जो बैक्टीरिया को ब्लड फ्लो में प्रवेश करने की अनुमति देकर हृदय संबंधी समस्याओं के जोखिम को बढ़ाती है. मसूड़ों की बीमारी वाले लोगों में हार्ट डिसीज अधिक आम हैं, लेकिन यह जोखिम सीधे रूट कैनाल थेरेपी से जुड़ा नहीं है बल्कि, यह ओवरऑल डेंटल हेल्थ से संबंधित है।

क्या रूट कैनाल ट्रीटमेंट से डरने की जरूरत है ?
अगर आप अच्छी ओरल हाइजीन मेंटेन करके रखते हैं और आपके हाथ से जुड़ी कोई समस्या नहीं है तो रूट कैनाल ट्रीटमेंट करवाने के बारे में चिंता करने की कोई वजह नहीं है. यह एक नॉर्मल ट्रीटमेंट है, तो आपके हार्ट को कोई बड़ा जोखिम दिए बिना डेंटल हेल्थ को बनाए रखने में मदद करती है. पहले से हार्ट डिजीज वाले मरीजों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत जरूर हो सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top