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इजरायल के साथ जारी जंग के बीच आतंकी संगठन हमास को बड़ा झटका लगा है। एक ओर इजरायल हमास के नेताओं को चुन-चुनकर मार रहा है, तो दूसरी ओर अब मिडिल ईस्ट के कई देश भी हमास से दूरी बनाने लगे हैं। फाइनेंशियल टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, कतर ने अमेरिका के दबाव में आकर हमास के नेताओं को देश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया है।

दोहा में मौजूद हैं हमास नेता
हमास ने 2012 से कतर की राजधानी दोहा में अपना राजनीतिक कार्यालय बना रखा है। सीरिया में गृहयुद्ध के बाद, दमिश्क छोड़ने के बाद हमास ने दोहा को अपना ठिकाना बनाया था। हालांकि, हाल ही में अमेरिकी अधिकारियों के साथ गहन चर्चा के बाद कतर ने हमास के नेताओं को देश छोड़ने का आदेश दिया है।

हमास ने किया युद्धविराम समझौता अस्वीकार
अमेरिका, मिस्र और कतर ने गाजा में संघर्ष को रोकने के लिए वार्ता की कोशिश की थी, लेकिन हमास ने अक्टूबर में अल्पकालिक युद्धविराम योजना को अस्वीकार कर दिया। एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी के मुताबिक, हमास के बार-बार बंधक रिहाई प्रस्ताव को खारिज करने के कारण अब किसी भी अमेरिकी साझेदार देश में उनका स्वागत नहीं होना चाहिए।

अमेरिका ने जताई नाराजगी
अमेरिका ने दोहा में हमास के नेताओं की मौजूदगी पर नाराजगी जताई है। 14 रिपब्लिकन अमेरिकी सीनेटरों ने विदेश विभाग को पत्र लिखकर हमास अधिकारियों की संपत्ति जब्त करने का अनुरोध किया।

कतर के रुख में बदलाव
हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि कतर ने हमास नेताओं को देश छोड़ने की कोई समय सीमा दी है या नहीं, लेकिन यह बदलाव कतर की नीति में महत्वपूर्ण परिवर्तन को दर्शाता है।

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