Headline
महाराज ने मौके पर ही किया जन समस्याओं का निस्तारण, श्रम विभाग द्वारा आयोजित श्रमिक पंजीकरण एवं नवीनीकरण शिविर में किया प्रतिभाग
डीएम ने ईवीएम-वीवीपैट की सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा, निर्धारित प्रोटोकॉल के पालन के निर्देश
देहरादून में गूंजा गोर्खाली संस्कृति का रंग, सीएम धामी बोले- सरकारी स्तर पर और भव्य होगा हरितालिका तीज उत्सव
सीएम धामी ने ‘NeST Fest-2026’ में किया प्रतिभाग, पूर्वोत्तर के युवाओं का किया स्वागत
बिना मान्यता संचालित मदरसों पर धामी सरकार की कार्रवाई जारी, देहरादून-हल्द्वानी में कई मदरसे सील
मुख्यमंत्री ने किसान-केंद्रित मोबाइल एप ‘मनोरमा कृषि रक्षक’ का किया शुभारंभ
मुख्यमंत्री धामी ने वन-क्लिक के माध्यम से 9 लाख 91 हजार 914 लाभार्थियों को जारी की अगस्त माह की सामाजिक सुरक्षा पेंशन
फ्लाइंग कार बनाने वाले रवि टमटा से मिले सीएम धामी, स्टार्टअप को सरकारी मदद के निर्देश
मुख्यमंत्री धामी का विकास प्राधिकरणों को सख्त निर्देश—लंबित मास्टर प्लान और परियोजनाओं में तेजी लाएं, हर कार्य की तय हो समय-सीमा

शिक्षा मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को स्कूल  की भूमि से अतिक्रमण हटाने के दिए निर्देश 

देहरादून।  उत्तराखंड में जमीनों की कीमत बढ़ने से न सिर्फ नदी, नालों बल्कि हजारों विद्यालयों की भूमि पर भी माफिया की नजर है। विद्यालयों में अतिक्रमण के मामले सामने आ रहे हैं। राज्य में 4891 विद्यालयों को भूमि दान में मिली थी जो अब भी उनके नाम दर्ज नहीं है। इसे देखते हुए शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने विभागीय अधिकारियों को स्कूल की भूमि से अतिक्रमण हटाने और विद्यालयों के नाम भूमि की रजिस्ट्री के निर्देश दिए हैं। मंत्री का कहना है कि हर विद्यालय की भूमि उसके नाम दर्ज होनी चाहिए। उन विद्यालयों को समग्र शिक्षा के तहत पैसा नहीं दिया जाएगा जिनके नाम जमीन नहीं है।

प्रदेश में माध्यमिक शिक्षा के तहत 591 और प्रारंभिक शिक्षा के 4300 विद्यालयों के नाम जमीन नहीं है। विद्यालयों को यह जमीन दान में मिली है। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक जमीनों की कीमत बढ़ने से स्कूल की भूमि पर अतिक्रमण बढ़ रहा है। ऐसे भी प्रकरण हैं जिनमें भूमि स्कूल के लिए दान में दिए जाने के बाद अब नई पीढ़ी इस भूमि पर अपना हक जता रही है। देहरादून में सचिवालय के ठीक सामने एक सरकारी जूनियर हाईस्कूल चल रहा था। करीब 200 करोड़ रुपये कीमत की इस भूमि को कानूनी दांव-पेंच में उलझाने के बाद स्कूल ही शिफ्ट करवा दिया गया। शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के मुताबिक राज्य में करीब 17,000 सरकारी विद्यालय हैं।

इनमें से अधिकतर विद्यालयों के नाम जमीन की रजिस्ट्री करवा दी गई है। जिन विद्यालयों के नाम जमीन की रजिस्ट्री नहीं है उनकी रजिस्ट्री कराने के निर्देश दिए गए हैं। कुछ विद्यालय वन भूमि में हैं। वन भूमि वाले विद्यालयों की जमीन की रजिस्ट्री के लिए भी नीति बनाई जाएगी। इसके लिए कैबिनेट में प्रस्ताव लाया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top