Headline
ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित समाधान को रानीपोखरी मौजा में आयोजित हुई ‘रात्रि चौपाल’
तुलसी की पत्तियों में छिपे हैं सेहत के कई राज, पाचन से लेकर तनाव कम करने तक मिल सकते हैं फायदे
किराये के कमरे में चल रहे देह व्यापार का भंडाफोड़, महिला सहित 4 गिरफ्तार
उत्तराखंड में बदलेगा मौसम, सात जिलों में बारिश के आसार; ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का अनुमान
युवाओं की प्रतिभा, मेहनत और लगन से साकार होगा विकसित भारत 2047 का संकल्प : मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने गढ़वाली, कुमाऊँनी और जौनसारी लोकभाषाओं के वॉइस कलेक्शन पोर्टल का किया शुभारंभ
उत्तराखंड स्टेट ओपन कराटे चैंपियनशिप में बच्चों का शानदार प्रदर्शन
जयानंद भारती के भवन निर्माण हेतु 40 लाख की धनराशि स्वीकृत कराने पर महाराज का आभार जताया
मुख्यमंत्री ने पुलिस स्मृति दिवस पर शहीद जवानों को दी श्रद्धांजलि, परिजनों को किया सम्मानित

देहरादून।  प्रदेश में बिजली के दामों में 8 से 11 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की संभावना है। यूपीसीएल ने 23 से 27 प्रतिशत बढ़ोतरी मांग की थी, जिसके सापेक्ष नियामक आयोग उपभोक्ताओं की जरूरत के हिसाब से अपना फैसला लेगा। इस साल यूपीसीएल ने बिजली खरीद पर सालाना 1281 करोड़ का हवाला देते हुए मांग की थी कि बिजली की दरों में 23-27 फीसदी की बढ़ोतरी की जाए। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने इस याचिका पर प्रदेशभर में जनसुनवाई, सभी हितधारकों से बातचीत के बाद बिजली की नई दरों को अंतिम रूप देने की शुरुआत कर दी है। इस सप्ताह के अंत या सोमवार तक बिजली दरें घोषित की जा सकती हैं।

सूत्रों के मुताबिक, सभी पहलुओं पर विचार-विमर्श के बाद आयोग आठ से 11 प्रतिशत तक बिजली दरों में बढ़ोतरी कर सकता है। इसके अलावा फिक्स चार्ज पर भी आयोग फैसला ले सकता है। हालांकि आयोग इस सप्ताहे के आखिर तक बिजली दरें घोषित करने की संभावना है। इसके बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी। पिछले साल आयोग ने बिजली दरों में 9.64 प्रतिशत की बढ़ोतरी की थी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top